मंगलवार, 21 अक्टूबर 2014

अभिव्यक्ति क्रमांक --- ६२९ सोने के पेन से लिखी --- पथिक अनजाना

सोने की चम्मच में रख औषधि लेने से शक्ति नही बदलती
सोने के पेन से लिखी उत्तरपुस्तिका पदक नही दिला पाती
अत्याधुनिक यंत्रों से फसल शक्तिशाली व विशाल नही होती
चतुर बुद्धिमान नेता एकविचार समझदारसाथियों बिना अधूरा
जागृत हमसफर मंजिल पाने हेतू सफर में साथ निभाता पूरा
उचित मात्रा उचित सामंजस्य ही बुद्धि व विचार बनाती हैं शूरा
न भागिये पाने को सोने की चम्मच व पेन न यंत्र आधुनिक
न खोजिये बहुसंख्यक अनुसरणकर्ता न शांतिहर्ता न चिक-चिक
सुकर्मों की खेती आशाहीन सेती ही सदैव साथ हमारे चलती हैं
------------------------- शक्ति नही बदलती
ब्लाग  ====   सूनी  राह का पथिक
पथिक अनजाना


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